नरियरा नगर पंचायत में विवाद, उप-अभियंता ने पार्षद समेत अन्य पर लगाए गंभीर आरोप
मुक्तिधाम और सड़क निर्माण की चर्चा के दौरान विवाद बढ़ने का दावा, CMO से सुरक्षा और कार्रवाई की मांग

मनोज साहू ब्यूरो जांजगीर-चांपा। नगर पंचायत नरियरा में जनप्रतिनिधियों और शासकीय अधिकारी के बीच विवाद का मामला सामने आया है। नगर पंचायत के उप-अभियंता के.एन. उपाध्याय ने पार्षद आकाश सिंह सहित अन्य पार्षदों पर कार्यालय में गाली-गलौज, धमकी, कागजात चेहरे पर मारने और धक्का-मुक्की कर मारपीट का प्रयास करने जैसे आरोप लगाए हैं। मामले को लेकर उप-अभियंता ने मुख्य नगरपालिका अधिकारी (CMO) को लिखित शिकायत देकर जांच, कार्रवाई और सुरक्षा की मांग की है।
शिकायत के मुताबिक, 16 सितंबर 2026 को दोपहर करीब 1:30 बजे नगर पंचायत कार्यालय में मुक्तिधाम के कार्य और कार्यालय के सामने सड़क निर्माण को लेकर चर्चा चल रही थी। इसी दौरान कथित तौर पर माहौल गरमा गया। उप-अभियंता का आरोप है कि पार्षद आकाश सिंह सहित अन्य पार्षदों ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और गाली-गलौज करते हुए मारपीट की धमकी दी।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि संबंधित लोगों ने कागजात उनके चेहरे पर मारे तथा कुर्सी समेत धक्का देकर मारपीट का प्रयास किया। घटना के बाद उप-अभियंता ने अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताते हुए प्रशासन से आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत की प्रतिलिपि अधिकारियों को भेजने का दावा
उप-अभियंता द्वारा दी गई शिकायत की प्रतिलिपि कलेक्टर जांजगीर-चांपा सहित संबंधित अधिकारियों को भेजे जाने की जानकारी सामने आई है। अब प्रशासन के समक्ष शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कर वास्तविक घटनाक्रम स्पष्ट करने की चुनौती है।
सभी पक्षों को सुनकर जांच की मांग
मामले में पार्षद आकाश सिंह और अन्य संबंधित पार्षदों का पक्ष फिलहाल सामने नहीं आया है। शिकायत में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि भी अभी नहीं हुई है। ऐसे में घटना की निष्पक्ष जांच, संबंधित पक्षों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही आगे की कार्रवाई तय किया जाना महत्वपूर्ण होगा।
नगर पंचायत में विकास कार्यों और जनसमस्याओं को लेकर जनप्रतिनिधियों तथा अधिकारियों के बीच मतभेद होना अलग बात है, लेकिन कार्यालयीन कार्य के दौरान कथित गाली-गलौज, धमकी या धक्का-मुक्की जैसे आरोप सामने आना प्रशासनिक अनुशासन और कर्मचारियों की सुरक्षा से जुड़ा विषय है। अब देखना होगा कि नगर पंचायत और जिला प्रशासन शिकायत पर क्या कार्रवाई करता है।

