*ग्राम छतौना की विमला के पारम्परिक व्यवसाय को मिली नई दिशा*

तिजराम साहू ब्यूरो मुंगेली // राज्य शासन द्वारा शुरू की गई महतारी वंदन योजना से जिले की महिलाएं आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर हो रही हैं। इस योजना की राशि से महिलाएं न केवल अपने घर की छोटी-छोटी जरूरतें पूरी कर रही है, बल्कि पारम्परिक व्यवसाय को भी आगे बढ़ाने में उपयोग कर रही है। मुंगेली विकासखण्ड के ग्राम छतौना की श्रीमती विमला महतारी वंदन योजना से अपने पारम्परिक व्यवसाय को नई दिशा दी है। योजना के तहत मिलने वाली राशि से जरूरी सामाग्रियों का क्रय करके मिट्टी के दीये, घड़ा आदि बना रही है और इसे बाजार में विक्रय कर अच्छी-खासी आमदनी प्राप्त कर रही है। इससे घर की आर्थिक परिस्थिति में भी सुधार हो रहा है।
श्रीमती विमला बताती है कि उनके परिवार में 03 बच्चे सहित कुल 05 सदस्य हैं। वे अपने पति के साथ पारम्परिक व्यवसाय से जुड़ी हुई है। पहले आर्थिक परिस्थिति ठीक नहीं होने के कारण व्यवसाय को आगे बढ़ाने में काफी मुश्किलों को सामना करना पड़ रहा था, लेकिन राज्य शासन द्वारा जब से महतारी वंदन योजना शुरू की गई है, तब से व्यवसाय को आगे बढ़ाने में मदद मिल रही है। इसके लिए श्रीमती विमला ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय को धन्यवाद ज्ञापित किया है। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के लिए महतारी वंदन योजना शुरू की गई है। योजना के तहत विवाहित महिलाओं को 1,000 रुपए प्रतिमाह वित्तीय सहायता डीबीटी के माध्यम से सीधे उनके बैंक खातों में जमा की जा रही है। इससे महिलाओं में एक नया आत्मविश्वास जगा है और उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा भी बढ़ी है।
