
तिजराम साहू ब्यूरो मुंगेली आत्मनिर्भरता मिशन का शुभारंभ तथा कृषि अवसंरचना कोषए पशुधनए मत्स्य पालन एवं खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र की 1100 से अधिक परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया गया। इस कार्यक्रम का सीधा प्रसारण ;वेबकास्टद्ध कृषि विज्ञान केंद्र मुंगेली के सभागार में देखा और सुना गया।
मुंगेलीए 11 अक्टूबर 2025।
राष्ट्रीय कृषि विभाग परिसर पूसाए नई दिल्ली से माननीय प्रधानमंत्री द्वारा प्रधानमंत्री धन धान्य योजना एवं दलहन.तिलहन आत्मनिर्भरता मिशन का शुभारंभ तथा कृषि अवसंरचना कोषए पशुधनए मत्स्य पालन एवं खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र की 1100 से अधिक परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया गया। इस कार्यक्रम का सीधा प्रसारण ;वेबकास्टद्ध कृषि विज्ञान केंद्र मुंगेली के सभागार में देखा और सुना गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती की प्रतिमा पर दीप प्रज्ज्वलन एवं माल्यार्पण के साथ हुआ। इस अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि श्री श्रीकांत पांडेए अध्यक्ष जिला पंचायत मुंगेलीए श्री रामकमल परिहारए अध्यक्ष जनपद पंचायत मुंगेलीए श्रीमती खोरबाहरीन साहूए सदस्य कृषि स्थायी समिति मुंगेली तथा श्री लालाराम साहूए जनपद सदस्य प्रतिनिधि कृषि स्थायी समिति जनपद पंचायत मुंगेली उपस्थित रहे।
इसके अतिरिक्त कृषि विभाग से श्रीमती ललिता मरावीए सहायक संचालक मुंगेलीए श्री केण् पीण् घिधोरेए वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी मुंगेलीए श्रीमती निवेदिता गवेल ;डीपीडीद्धए निकिता तिवारी ;।ज्डद्धए उद्यानिकी विभाग से श्री बीण् पीण् सिंह कंवरए उद्यानिकी अधीक्षकए तामलेश्वर जांगड़े एवं जलेश्वर बारमतेए ग्रामीण उद्यान विस्तार अधिकारीए पशुपालन विभाग से डॉण् डीण् केण् सास्वतए पशु चिकित्सा अधिकारी तथा मत्स्य विभाग से कमलेश कुमार घृतलहरे एवं आयुष चंद्रवंशीए मत्स्य निरीक्षक सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं कृषक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉण् एसण् केण् वर्मा ने किसानों को दलहन.तिलहन फसलों की महत्ता पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इन फसलों में आत्मनिर्भर बनना न केवल किसानों की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करेगा बल्कि देश की पोषण सुरक्षा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
विषय वस्तु विशेषज्ञ ;पादप रोगद्ध श्री एसण् केण् लहरे ने दलहन.तिलहन फसलों में लगने वाले प्रमुख कीट एवं रोगों के प्रबंधन के उपाय बताए।
विषय वस्तु विशेषज्ञ ;उद्यानिकीद्ध डॉण् प्रमिला जोगी ने वर्षा कालीन सब्जियों की उन्नत खेती की तकनीक पर प्रकाश डाला।
विषय वस्तु विशेषज्ञ ;कृषि प्रसारद्ध श्रीमती नेहा लहरे ने क्रॉप डॉक्टर ऐप की उपयोगिता एवं इसके लाभों की जानकारी दी।
इंजीनियर पल्लवी पोर्ते ने कृषकों को नवीन कृषि यंत्रों की जानकारी दी तथा विषय वस्तु विशेषज्ञ ;मृदा विज्ञानद्ध डॉण् थानेश्वर कुमार देवांगन ने जैविक खेती के महत्व और तकनीकी पहलुओं पर उपयोगी जानकारी साझा की।
मुख्य वक्ता श्री श्रीकांत पांडेए अध्यक्ष जिला पंचायत मुंगेली ने किसानों को दलहन.तिलहन उत्पादन में आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रोत्साहित करते हुए कहा कि उन्नत कृषि तकनीकों को अपनाकर किसान अपनी आय में उल्लेखनीय वृद्धि कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि दलहन.तिलहन क्षेत्र में आत्मनिर्भरता से न केवल किसानों की आजीविका सुदृढ़ होगी बल्कि देश की खाद्य एवं पोषण सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी।
जनपद पंचायत अध्यक्ष श्री रामकमल परिहार ने अपने उद्बोधन में माननीय प्रधानमंत्री जी की जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रशंसा की। उन्होंने किसानों से अपील की कि शासन की योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ लेते हुए अपनी खेती में परंपरागतए प्राकृतिक एवं जैविक तकनीकों को शामिल करें ताकि स्थायी एवं समृद्ध कृषि को बढ़ावा मिल सके।
कार्यक्रम में उपस्थित कृषकों को फलदार पौधे वितरित किए गए तथा उनसे अधिकाधिक पौधरोपण करने एवं प्राकृतिक खेती को अपनाने का आह्वान किया गया।
यह कार्यक्रम कृषकों के लिए अत्यंत ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायी सिद्ध हुआ तथा कृषि के विभिन्न क्षेत्रों में नवाचार और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक सशक्त कदम रहा।
कार्यक्रम में जिला मुंगेली के 431 महिला एवं पुरुष कृषक सम्मिलित हुए।
