चोरभट्ठी धान खरीदी केंद्र में भारी अनियमितताओं के आरोप: किसान परेशान

मनोज साहू ब्यूरो जांजगीर-चांपा | अकलतरा क्षेत्र
जांजगीर-चांपा जिले के अकलतरा विकासखंड अंतर्गत चोरभट्ठी धान खरीदी केंद्र में धान खरीदी प्रक्रिया के दौरान गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। किसानों का कहना है कि केंद्र में शासन द्वारा निर्धारित मानकों का खुलेआम उल्लंघन किया जा रहा है, जिससे वे आर्थिक और मानसिक रूप से परेशान हो रहे हैं।
किसानों के अनुसार, खरीदी केंद्र में मानक से अधिक तौल की जा रही है। शासन के नियमानुसार प्रति बोरी धान का वजन लगभग 40 किलो 700 ग्राम तक होना चाहिए, लेकिन यहां किसानों से 41 किलो 500 ग्राम से भी अधिक धान तौला जा रहा है। इससे किसानों को सीधे तौर पर नुकसान उठाना पड़ रहा है।
इतना ही नहीं, धान की बोरियों को भूसा बोरी (लाइनर) के बिना सीधे जमीन पर रखा जा रहा है, जिससे धान की गुणवत्ता प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है। किसानों का आरोप है कि खरीदी केंद्र में व्यवस्थाओं की कमी के चलते उन्हें स्वयं हमाली (लोडिंग-अनलोडिंग) का कार्य करने के लिए मजबूर किया जा रहा है, जो कि स्पष्ट रूप से नियमों के विपरीत है।
स्थानीय किसानों ने यह भी आरोप लगाया कि धान खरीदी केंद्र के प्रभारी धीरेंद्र कौशिक अक्सर नदारद रहते हैं, जिससे व्यवस्थाओं पर कोई प्रभावी नियंत्रण नहीं रह पाता। वहीं, कंप्यूटर ऑपरेटर आकाश श्रीवास की कार्यशैली को लेकर भी किसान असंतोष जता रहे हैं। किसानों का कहना है कि दस्तावेजी कार्यों में अनावश्यक विलंब और सहयोग की कमी के कारण उन्हें घंटों तक केंद्र में भटकना पड़ता है।
किसानों ने बताया कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया जा रहा है। इससे क्षेत्र के किसानों में भारी रोष व्याप्त है और वे स्वयं को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं।
इस पूरे मामले को लेकर अब किसान प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि चोरभट्ठी धान खरीदी केंद्र की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए, दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों पर कार्रवाई हो तथा खरीदी प्रक्रिया को शासन के निर्धारित मानकों के अनुरूप पारदर्शी बनाया जाए।
फिलहाल, प्रशासन की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो किसानों द्वारा आंदोलन का रास्ता अपनाए जाने की भी आशंका जताई जा रही
